देहरादून में केसरवाला के लोगों ने नगर निगम चुनावों का बहिष्कार किया। हालांकि डीएम ने तहसीलदार को ग्रामीणों को समझाने और मतदान शुरू कराने के लिए भेजा। ग्रामीणों के बहिष्कार के बाद शाम को मतदान शुरू हुआ।
दरअसल, वर्ष 2018 में केसरवाला गांव को नगर निगम में शामिल किया गया था। ग्रामीणों ने उस समय भी निगम में शामिल करने को लेकर विरोध किया था। ग्रामीण का आरोप है कि निगम में शामिल होने के बाद भी गांव में बुनियादी सुविधाएं सड़क, पानी और बिजली की समस्या बनी हुई हैं। ग्रामीणों में इसको लेकर भारी नाराजगी है। चुनाव बहिष्कार की पहले ही चेतावनी दी गई थी।
वहीं बृहस्पतिवार सुबह से ही मतदान केंद्र पर इसका असर दिखाई देना शुरू हो गया। सुबह 11 बजे तक मात्र दस लोगों ने वोट डाले। करीब 400 मतदाताओं की संख्या होने के बाद भी मतदान केंद्र खाली पड़ा रहा। उधर, डीएम ने मामले का संज्ञान लेते हुए तुरंत तहसीलदार को केसरवाला भेजा। तहसीलदार ने ग्रामीणों को समझाने और मतदान में हिस्सा लेने की अपील की। इस पर ग्रामीणों और अधिकारियों के बीच बहस हुई। लेकिन मतदान शुरू करा दिया गया।
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