उत्तराखंड में स्वतंत्रता सेनानियों के नाम पर आरक्षण का लाभ उठाने के लिए फर्जीवाड़े का बड़ा मामला सामने आने की आशंका जताई गई है। आरोप है कि कुछ लोग फर्जी प्रमाणपत्र तैयार कर स्वयं को स्वतंत्रता सेनानियों का उत्तराधिकारी बताकर आरक्षण का अनुचित लाभ ले रहे हैं।
इस मामले की शिकायत स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवार समिति द्वारा की गई है। समिति का दावा है कि राज्य भर में ऐसे कई फर्जी प्रमाणपत्र जारी किए गए हैं, जिससे आरक्षण नीति की मूल भावना को ठेस पहुंच रही है।
शिकायत पर संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मामले की जांच के लिए विशेष जांच टीम (SIT) गठित करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव को स्पष्ट आदेश दिए हैं कि मामले की निष्पक्ष और गहराई से जांच कर सच्चाई को सामने लाया जाए, ताकि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके।
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