चित्रकूट में आरएसएस की चार दिवसीय राष्ट्रीय चिंतन बैठक शुरू

चित्रकूट में आज से राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की चार दिवसीय राष्ट्रीय चिंतन बैठक शुरु हाे चुकी है। पूर्व संध्या पर बृहस्पतिवार को संघ के क्षेत्र प्रचारक, सह प्रांत प्रचारक और विभाग प्रचारकों की समन्वय बैठक में तैयार किया गया मसौदा/प्रतिवेदन संघ प्रमुख डॉ. मोहन भागवत को सौंप दिया गया था। बैठक में इन्हीं मुद्दों पर मंथन और चर्चा होगी। धर्मनगरी में शुक्रवार से शुरू हो रही राष्ट्रीय चिंतन बैठक के लिए संघ प्रमुख डा. मोहन भागवत सहित आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारी यहां आ चुके हैं। पूर्व संध्या में हुई आपसी समन्वय बैठक में कोरोना काल में संघ के बंद पड़े नियमित कार्यक्रमों को फिर शुरू करने की सहमति बनी।

यूपी समेत पांच राज्यों में होने वाले विधान सभा चुनाव पर भी खास चर्चा हुई। तय किया गया कि कोरोना की तीसरी लहर से पहले ही संघ की जिला स्तरीय टीमें गांवों में जाकर लोगों की जरूरतें समझेंगी और कोरोना से बचाव के लिए केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा उठाए गए कदमों की जानकारियां देंगी। साथ ही संघ द्वारा संचालित अस्पतालों को पूरी क्षमता और सक्रियता से व्यवस्थित करने का भी निर्णय लिया गया, ताकि तीसरी लहर में इन अस्पतालों का लाभ लोगों को मिल सके। लगभग तीन घंटे तक चली बैठक में केंद्र की मोदी और राज्य की योगी सरकारों के कामों और उनकी आम छवि पर भी विचार विमर्श हुआ।

संघ की चिंतन बैठक में देशवासियों के बीच राष्ट्रवाद का भाव तेजी से जागृत करने की रणनीति पर भी बात होगी। साथ ही संघ पदाधिकारी जनता के बीच जाकर केंद्र और राज्य सरकारों की योजनाओं से लोगों को अवगत कराएंगे। इसके बाद सांसद और विधायक यह काम अंजाम देंगे। यह भी मंत्र दिया जाएगा कि जन संपर्क के दौरान कहीं जनता गुस्से में हो या विरोध करें तो उन्हें शांति और शालीनता से समझाकर संतुष्ट करें। साथ ही यह भी कहा गया कि बेवजह बयान न दें, जिससे सरकार की छवि धूमिल हो।

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